हसीन सपना सच हुआ

मैं अपनी गर्दन थोड़ी उठाते हुए आँटी के होंठ चूमने लगा। आंटी भी पूरा साथ देने लगीं। होंठ चूमते-चूमते मैं अपने दोनों हाथो से आँटी के दोनो बूबे दबाने लगा। आंटी पूरी तरह से मस्त होकर सिसकारियाँ लेने लगी….

Read more