दोस्त के मकान मालिक की बेटी को उसी के घर में चोदा

अब हम दोनों ही बहुत गर्म हो चुके थे. उसके बोबे चूसते वक्त ही वह पहली बार झड़ गयी थी. फिर मैंने दांत खींच कर उसकी ब्रा उतार फेंकी और उसके दोनों कबूतरों को आजाद कर दिया. उन्हें देख कर तो मैं पागल सा हो गया था और अब मैं उन पर टूट पड़ा…

नमस्कार दोस्तों, मेरा नाम सुमित है और मैं पुणे का रहने वाला हूँ. मैं बीएससी कर रहा हूँ और अंतिम वर्ष का छात्र हूँ. मेरी यह कहानी 4 महीने पहले की है.

मेरी उम्र 20 साल है और उसकी उम्र 22 साल है. उसका नाम स्वाति है और वो दिखने में सुन्दर और बहुत ही आकर्षक है. वो पतली तो नहीं है पर हम उसे मोटी भी नहीं कह सकते हैं. वो ज्यादातर गाउन में ही रहा करती है.

दोस्तों, उसकी अभी तक शादी नहीं हुई है. उसकी बड़ी गांड और बोबे देख कर किसी का भी मन उसे चोदने को करने ही लगेगा. उसका फिगर भी कमाल का था. उसका साइज 36-34-38 का था. मैं जब भी उसे देखता तो उसे देख कर मेरे लंड में पानी आ जाता.

मैं उसे बचपन से जानता था और उसके मकान में मेरा एक दोस्त किराये पर रहता था, जिसकी वजह से दिन में कई बार मैं उनके घर जाता और वो भी हमारे घर आया करती थी. उसका भी मेरे प्रति आकर्षण था. दोस्तों, मैं तो उसे चोदने के लिए पागल हो रहा था, लेकिन बात आगे ही नहीं बढ़ रही थी.

एक दिन मैंने उससे नंबर माँगा तो उसने तुरंत दे दिया. फिर मैं कभी – कभार उसे एसएमएस करने लगा. अब तो उसे पूरा यकीन हो गया था कि मैं उसे चाहने लगा हूँ. एक दिन उसके घर के सारे लोग बाहर गए थे तो मैं यूँ ही घूमते हुए उसके घर चला गया.

उसके घर पहुंच कर उससे अपने उस दोस्त के बारे में पूछा तो उसने कहा कि वो घर वालों के साथ एक शादी के सिलसिले में बाहर गया हुआ है और अब रात को ही आएगा. यह सुन कर मैं बहुत खुश हुआ.

फिर मैं वहीं बैठ गया और यहाँ – वहां की बातें करने लगा. उस दिन भी वह गाउन में थी. गाउन में उसकी बड़ी गांड देख कर तो मेरा लंड सलामी देने लगा था. कुछ देर मैं यूं ही बैठा रहा और फिर मैंने हिम्मत जुटाई और सीधा उसे आई लव यू बोल दिया.

इससे वो शरमा सी गई और चारपाई से उठ कर दौड़ते हुए सीधा अन्दर के कमरे में चली गई. करीब 2 मिनट बाद मैंने वहीं बैठे – बैठे पूछा कि अन्दर क्या कर रही हो? तो उसने जवाब दिया कि शरबत बना रही हूँ.

दोस्तों, मेरे ऊपर तो शैतान सवार था. अब मैंने मेन गेट की कुण्डी लगाई और अन्दर के कमरे में चला गया. अंदर वो दूसरी तरफ मुंह करके शर्बत बना रही थी. मैं पीछे से गया और उसे दबोच लिया. इसके बाद मैं अपना तना हुआ 6 इंच का लौड़ा उसकी गांड में दबाने लगा.

तभी उसने मुझे धक्का दे दिया और चिल्ला कर बोली, “यह क्या कर रहे हो?” उसका यह रूप देख कर मैं थोड़ा डर गया और फिर मैंने धीरे से कहा, “मैं तुमसे सच्चा प्यार करता हूँ.” मेरी इस बात पर उसने मुस्कुरा दिया. अब क्या था, मेरा डर काफूर हो गया और मैंने इसे एक एक शुभ संकेत समझा और उसे उठा कर बेडरूम में ले गया.

अंदर ले जाने के बाद मैंने उसे बेड पर पटक दिया और उसके ऊपर सवार होकर उसके हर अंग के चुम्मे लेने लगा. फिर मैंने उसका गाउन भी उतार फेंका. अब वो सिर्फ चड्डी और ब्रा मे रह गयी थी. इसके बाद मैंने उसे अपनी गोद में बिठाया और ब्रा के उपर से ही उसके मम्मे चूसने और दबाने लगा.

अब हम दोनों ही बहुत गर्म हो चुके थे. उसके बोबे चूसते वक्त ही वह पहली बार झड़ गयी थी. फिर मैंने दांत खींच कर उसकी ब्रा उतार फेंकी और उसके दोनों कबूतरों को आजाद कर दिया. उन्हें देख कर तो मैं पागल सा हो गया था और अब मैं उन पर टूट पड़ा.

थोड़ी देर बाद मैंने उसकी चड्डी भी उतार दी. क्या चूत थी दोस्तों! एक दम क्लीन शेव थी और बिलकुल फूली हुई पाव के जैसी लग रही थी. उसकी चूत देख कर ही मैं पागल हो गया था.

दोस्तों, उस पल को मैं शब्दों में बया नहीं कर पा रहा हूँ. फिर मैंने उसकी चूत की एक चुम्मी ले ली और ऊपर आकर लगातार 2 मिनट उसके बोबे चूसते – चूसते उसकी चूत में उंगली डाल दी. जिससे वो तो पूरी तरह पागल हो उठी थी और सिसकारियां भर रही थी. पूरे कमरे में ‘उह आह’ की आवाजें गूंज रही थी. वो मेरे बालों में हाथ भी फिरा रही थी.

थोड़ी देर बाद उसने शरमाते हुए हल्के से मेरे कान में कहा, “अब डाल भी दो, कितना तडेपाओगे मुझे?” उसकी तड़प देख कर मैंने भी देर न करते हुए उसके ऊपर आ गया और अपना 6 इंच का लौड़ा उसकी चूत में पेल दिया. उसको थोड़ा से दर्द हुआ लेकिन वो सह गई.

अब मैं घपाघप उसे चोदने लगा. चुदाई के कारण सारे कमरे में फच – फच की आवाजें गूंज रही थी. फिर मैंने पोजीशन बदली. अब वो मेरे आगे आ गयी और मैं पीछे से उसकी चूत में लंड डाल कर चोदने लगा.

ऐसे ही करीब 10 मिनट तक उसको चोद कर फिर अंत में मैंने उसको बाहों में उठा लिया और हवा में चोदने लगा. इस घमासान चुदाई में वो दो बार झड़ चुकी थी.

अब एक बार फिर मैंने पोजीशन बदली और उसको अपनी जांघो पर बिठाया और नीचे से धक्के लगाते हुए उसके बोबे दबाने लगा.

अब मैं भी झड़ने वाला था तो उससे पूछा कि कहाँ निकालूँ? तो उसने कहा अन्दर ही कर दो. दोस्तों, वास्तव में मैं भी यही चाहता था. फिर मैंने अपना सारा माल उसकी चूत के अंदर ही छोड़ दिया. अब हम दोनों थक चुके थे. इसलिए कुछ देर के लिए ऐसे ही नंगे पड़े रहे.

इसके बाद मैं उठा और उसकी आँखों में देखते हुए किस किया और आई लव यू बोल दिया तो उसने भी आई लव यू टू बोल दिया. इसके बाद फिर मैं अपने घर आ गया.

दोस्तों, उस दिन के बाद से मैंने उसे खूब चोदा. जब भी मेरा मन करता, तब मैं उसके घर जाकर उसे चोदता था और वो भी मेरी और मेरे लौड़े की कायल हो चुकी थी.

आप सब को मेरी यह कहानी कैसी लगी, मुझे मेल करके जरूर बताएं मेरी मेल आईडी – anu[email protected]