एग्जाम के बहाने चुदाई

एक बार मैं एग्जाम दे रहा था तो मेरे ठीक पीछे एक लड़की बैठी थी. वह बहुत खूबसूरत थी. उसे देखते ही मैं उस पर लट्टू हो गया था. मैं उसे पाना चाहता था लेकिन कोई मौका ही नहीं मिल रहा. लेकिन जो होना होता है वो होकर ही रहता है. वो मुझे मिली और साथ में उसकी चूत भी. लेकिन कैसे ये आप कहानी में पढ़िए…

हेलो दोस्तों, मेरा नाम शिवम है और मैं लखनऊ में रहता हूँ. मेरी लंबाई 5 फुट और 11 इंच है. मैं एक खूबसूरत और गठीले बदन का मालिक हूँ. दोस्तों, अभी मैं नर्सिंग का काम कर रहा हूँ.

अब मैं सीधा अपनी स्टोरी पर आता हूँ. बात तब की है जब मैं लखनऊ यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रहा था. हमारे एग्जाम चल रहे थे. मेरे ठीक बगल में एक लड़की बैठ कर एग्जाम दे रही थी. उसका नाम साक्षी था. वह काफी खूबसूरत जिस्म की मालकिन थी. क्या बला की शोखियाँ थी उसकी, क़सम से दिल उसे देखते ही उस पर फिदा हो गया.

अब मैं उसके करीब आने के बहाने बनाने लगा. कई दिन ऐसे ही गुजर गए. कोई मौका नहीं मिला. लेकिन वो कहते हैं न कि जब आप किसी को पूरी शिद्दत से चाहते हैं तो सारी कायनात उसे आपसे मिलाने की कोशिश में लग जाती है.

आखिरकार वो दिन आ ही गया जब क़िस्मत मेरे ऊपर मेहरबान हुई. वो अपना मोबाइल रिचार्ज करना चाहती थी मगर उसे रिचार्ज करना नहीं आता था. इत्तेफाक से मैं उसे दिख गया और फिर वो खुद चल कर मेरे पास आयी और मुझसे बोली कि क्या आप मेरा ये मोबाइल रिचार्ज कर देंगे?

मुझे तो मुंह मांगी मुराद मिल गयी थी. खैर, उस दिन मैंने उसका मोबाइल रिचार्ज कर दिया. उसने मुझे थैंक्स बोला और चली गयी. फिर उसके बाद अक्सर हमारी बातें होने लगीं, और धीरे – धीरे हम दोनों एक – दूसरे के करीब आने लगे.

फिर जिस दिन एग्जाम खत्म होने वाले थे, उस दिन वह मेरे पास आई उसने मेरा सेल नम्बर ले लिया. फिर उसके बाद मुझे उसका कोई फ़ोन नहीं आया. अब मैं भी अपने काम में बिजी रहने लगा. या यूं कहिए कि धीरे – धीरे मैं उसे भूल सा गया था.

इसी बीच करीब तीन माह के बाद मुझे एक अनजान नंबर से फोन आया. उसने मुझसे कहा कि पहचानो मैं कौन हूँ?
इस पर मैंने कहा कि मैं नहीं पहचान पा रहा हूँ, मुझे नहीं पता कि तुम कौन हो. तब उसने हंसते हुए कहा कि मैं साक्षी बोल रही हूँ. कसम से इतना सुनते ही मेरे दिल की धड़कनें बढ़ गईं.

खैर, फिर मैंने खुद को कंट्रोल किया और उसका हाल चाल पूछा. साथ ही उससे मिलने के बारे में कहा तो उसने कहा कि जरूर मिलेंगे, मेरा भी कई दिनों से तुमसे मिलने का मन कर रहा है, बहुत दिन हो गए हैं मगर टाइम ही नहीं मिला.

कुछ दिन के बाद मुझे कान में थोड़ी प्रॉब्लम हो गई तो मैं जिस हॉस्पिटल में काम करता था, उसी में अपने कान का ऑपरेशन करवाया. जब उसे पता चला तो वो मुझसे मिलने आई.

वह काफी देर तक वहीं रही. एक समय ऐसा आया कि सभी लोग बाहर चले गए. अब रूम में केवल वो और मैं हम दोनों ही थे. तब उसने मुझे किस किया और आई लव यू बोला. उसके मुंह से यह सुन कर मुझे बहुत खुशी हुई और मैंने उसके हाथों को चूम लिया. फिर वो अपने घर चली गई.

अब हमारे बीच अक्सर फोन पर बातें होने लगीं. धीरे धीरे बातें सेक्सी अंदाज में होने लगी. बातों में सेक्स घुसने के बाद हम ओर भी सेक्स का खुमार चढ़ने लगा और हम मिलने के लिए तड़पने लगे.

फिर वो समय आ ही गया जिसका हम दोनों को ही इंतज़ार था. साक्षी का बीएड का एग्जाम था तो उसने मुझे बुलाया, औऱ मैं गया. एग्जाम के बाद हमने एक होटल में रूम बुक कराया और रूम में गए.

होटल जाने के बाद मैंने सबसे पहले रूम को अंदर से बंद किया. रूम बंद करते ही वो मुझ पर टूट पड़ी. तब मैंने उससे कहा कि थोड़ा सब्र करो. इस पर वो बोली कि इतने दिनों से सब्र ही तो कर रहे थे और इतना कह कर उसने अपने होंठों को मेरे होंठों से लगा कर लिपलॉक किस करने लगी. अब मैं भी उसका साथ देने लगा.

लगभग 4-5 मिनट तक हम किस करते रहे. उसके बाद मैंने उसके शर्ट के ऊपर से ही उसके दबाने शुरु कर दिए और धीरे – धीरे एक – एक करके उसके कपड़े उतारने लगा. लास्ट में वो केवल ब्रा और पैंटी में आ गयी. उसके गोरे बदन पर पिंक कलर की ब्रा और पैंटी अपनी अलग ही छाप छोड़ रही थी.

फिर उसने मुझसे कहा कि अब तुम अपने भी कपड़े उतारो. फिर मैंने भी अपनी जीन्स और शर्ट उतार दिया और केवल कच्छे में आ गया.

इसके बाद मैंने उसकी ब्रा को साइड करके उसके बूब्स बाहर निकाले और फिर उसके नंगे – गोरे बूब्स को मसलना शुरू कर दिया और साथ में किस भी करने लगा. इससे वो मदहोश होने लगी. फिर उसने मेरा एक हाथ पकड़ कर अपनी पैंटी के ऊपर रख दिया और जोर से दबाने लगी.

उसके मुंह लगातार ‘आह उह ओ हह ओह्ह’ की मादक आवाज़ निकल रही थी. फिर मैंने अपने कच्छे को उतार दिया और लण्ड को उसके हाथ में पकड़ा दिया. अब पहली बार उसका ध्यान मेरे लन्ड पर गया था. उसे देखते ही खुश हो गई और धीरे – धीरे मुठ मारने लगी.

थोड़ी देर मुठ मारने के बाद उसने मेरे लन्ड को मुंह में लिया और चूसने लगी. वह बहुत मस्त लन्ड चूस रही थी. ऐसा लग रहा था जैसे वो कोई पोर्न स्टार हो. कसम से दोस्तों, उसकी लन्ड चुसाई की वजह से मैं सातवें आसमान में पहुंच गया था.

फिर थोड़ी देर के बाद मैंने उसकी ब्रा और पैंटी को उतार दिया और फिर हम दोनों 69 की पोजीशन में आ गए और मैंने अपनी जीभ उसकी चूत पर लगा दी. दोस्तों, उसकी चूत पर एक भी बाल नहीं था. मुझे भी उसकी चूत चाटने में बहुत मज़ा आ रहा था.

करीब 7-8 मिनट तक 69 की पोजीशन में रहने के बाद उसने मुझसे कहा कि अब और मत तड़पाओगे, जल्दी से अपने इस लन्ड को मेरी प्यासी चूत में डाल कर इसकी प्यास बुझाओ.

दोस्तों, फॉरप्ले करते हुए हमें काफी टाइम हो गया था. उसे घर भी जाना था तो मैंने भी ज्यादा देर करना ठीक नहीं समझा. फिर मैंने उसे बेड पर लिटाया और अपने लन्ड को उसके चूत के पास रगड़ने लगा. वो जल बिन मछली जैसे तड़पने लगी. उसकी चूत पूरी तरह भीग चुकी थी और लन्ड लेने के लिए तैयार हो चुकी थी.

फिर मैंने उसकी चूत के छेद पर अपना लन्ड सेट किया और धीरे – धीरे से उसे अंदर करने लगा. वो बोली कि काफी दर्द हो रहा है लेकिन तुम रुकना बिल्कुल मत, क्योंकि इसके बाद काफी मज़ा भी आएगा.

ये सुन कर मैंने उसकी चूत पर अपने लन्ड का दबाव और बढ़ा दिया. अब धीरे – धीरे लन्ड उसकी चूत को फाड़ता अंदर गहराई में घुसने लगा. दर्द की वजह से वो मुंह बंद कर कर घुटती रही लेकिन आवाज बाहर नहीं आने दी. आखिर में मेरा पूरा लन्ड उसकी चूत में समा गया.

फिर मैं धीरे – धीरे लन्ड को आगे – पीछे करने लगा. शुरू – शुरू में उसे काफी दर्द हो रहा था मगर अब धीरे – धीरे उसे भी मज़ा आने लगा था. अब वो कहने लगी थी कि चोदो और चोदो मुझे, तेज़ी से चोदो, ज़रा सा भी रहम न करना आज इस चूत पर, इसने मुझे बहुत सताया है, इतना चोदो कि आज इसकी सारी गर्मी निकल जाए और इसे भी थोड़ी राहत मिले.

उसके मुंह से ये बातें सुन कर मैं और भी ज्यादा उत्तेजित हो गया और अपने धक्कों की रफ्तार तेज कर दी. लगभग 20 मिनट तक उसे चोदने के बाद मैंने कहा कि मेरा निकलने वाला है तो वो बोली कि अंदर ही कर दो, क्योंकि अभी मेरा सेफ पीरियड चल रहा है.

यह सुन कर मैंने धक्कों की रफ्तार बढ़ा दी और 10-12 शॉट के बाद अपना गर्म – गर्म लावा उसकी चूत में ही छोड़ दिया. इस दौरान वो 3 बार झड़ चुकी थी. फिर थोड़ी देर हम ऐसे ही पड़े रहे. उसके बाद हमने अपने – अपने कपड़े पहने और एक – दूसरे को बाहों में भर कर किस किया और वापस अपने – अपने घर आ गए.

दोस्तों, ये थी मेरी और साक्षी की पहली चुदाई कहानी.
कहानी कैसी लगी कमेन्ट या मेल करके जरूर बताना. साथ में कोई सुझाव हो तो वो भी शेयर करना. कहानी लिखने में मुझसे अगर कोई गलती हो गई हो तो माफ करना. मेरी मेल आईडी –  [email protected]

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *