फेसबुक की मदद से बड़ी बहन को पटाया

मैं अपनी बहन को चोदना चाहता था लेकिन कोई जुगाड़ ही नहीं बन पा रहा था. एक दिन मैंने सोचा कि इस काम के लिए क्यों न फेसबुक की मदद ली जाए. फिर मैंने फेक आईडी बनाई और उसी की मदद से उसे पटाया और फिर होटल में बुला कर जम के चुदाई की…

हेलो दोस्तों, मेरा नाम राजीव है और मैं देहरादून का रहने वाला हूं. मेरी उम्र 22 साल है. यहां मैं एक प्राइवेट कंपनी में काम करता हूं. मेरी बहन का उम्र 24 साल है वो मेरे से २ साल बड़ी हैं.

मैं बचपन से अपनी बहन के साथ सेक्स करना चाहता था इस वजह से हमेशा उसके बदन को निहारता रहता था. कभी – कभी तो मुझे लगता था ये गलत है. एक बार मुझे खयाल आया कि मैं इसके साथ सेक्स नहीं करूंगा तो कोई न कोई तो करेगा ही. ऐसे में अगर घर का माल घर में ही रह जाये तो क्या हर्ज है.

अब मैं कभी उसको कपड़े बदलते हुए तो कभी नहाते हुए देखने की कोशिश करने लगा. इसी कोशिश में मैं उसकी चूची देखने में सफल हो गया. लेकिन मेरी मंज़िल तो उसके साथ सेक्स करना था.

सेक्स के उद्देश्य से कई बार मैंने उसे इधर – उधर टच करने की कोशिश की. लेकिन वो मुझे डांट लगा देती थी और कहती – ये क्या कर रहे हो, यहां क्यों टच कर रहे हो? उसकी ऐसी बातें सुन कर मैं सहम जाता और फिर कुछ दिन के लिया टच करना छोड़ देता. ऐसा इसलिए क्योंकि मुझे डर लगता था कि कहीं वह पापा को न बता दे. हालांकि, उसने कभी मम्मी – पापा से इस बारे में कोई भी बात नहीं की थी.

एक दिन मेरे दिमाग में एक आईडिया आया. मैंने सोचा कि क्यों न पहले मैं उसे फेसबुक पर अपना दोस्त बनाता हूं और उससे नजदीकियां बढ़ाता हूं. फिर फेसबुक पर ही उसे पटाने के बाद सेक्स के लिए तैयार कर लूंगा.

प्लान बनाने के बाद मैंने फेसबुक पर अपनी एक फेक आई प्रोफाइल बनाई. इसके बाद इंटरनेट से एक हैंडसम लड़के की फ़ोटो डाऊनलोड करके उसे अपनी डीपी पर लगाया. प्रोफाइल भी काफी अच्छे और पढ़े – लिखे लड़के वाली बनाई. प्रोफाइल पर मैंने लिखा कि अभी एक कंपनी में मैनेजर के पद पर काम कर रहा हूं.

दोस्तों, मुझे तो अपने बहन की फेसबुक प्रोफाइल के बारे में पता ही था. फिर मैंने उसे सर्च किया और उनको रिक्वेस्ट भेज दी. एक दिन उसने मेरी फ्रेंड रिक्वेस्ट एक्सेप्ट कर ली और उसके जाने बिना ही मैं उसका दोस्त बन गया.

फिर वो जो भी पोस्ट करती उसको मैं लाइक करता और अच्छा – अच्छा कमेंट लिखता. कमेंट में मैं हमेशा उसकी तारीफ करता था. करीब एक महीने तक मैं उसके पोस्ट को लाइक और उस पर कमेंट करता रहा. लेकिन कहीं से कोई फायदा होता न दिखाई दिया. ये करते – करते मैं ऊब चुका था. फिर एक दिन मैंने सोचा कि चलो अब असली काम पर आते हैं.

उसके बाद फिर एक दिन मैंने मैसेंजर पर उसको मैसेज भेजा, जिसमें सिर्फ ‘हेलो’ लिखा था. जवाब में उसने भी ‘हेलो’ कहा. फिर मैंने उससे कहा कि आप बहुत अच्छा लिखती हो. इस पर उसने थैंक्स कहा. तब मैंने कहा आप काफी सेक्सी दिखती हैं. उसने फिर मुझे थैंक्स कहा. ऐसे करते – करते वो भी मुझसे चैट करने लगी. उसको नहीं पता था कि जिससे वो चैट कर रही है वो उसका भाई है.

करीब 1 महीने तक हम दोनों फेसबुक पर बात करते रहे. फिर मैंने एक दिन उसको कहा कि कम्पनी के काम से मैं ऋषिकेश आ रहा हूं तो क्या वो मुझे होटल में मिल सकती है? वो झिझकी तो मैंने कहा कि अभी कोई जल्दी नहीं है आप आराम से सोच कर 10 दिन में बताओ. लेकिन फिर उसी शाम उसका मैसेज आया और वो मान गयी.

फिर हम दोनों सेक्सी बात करने लगे. करीब पांच दिन तक हम लोग सेक्सी बातें करते रहे. इसी दौरान उसने मुझे वेबकैम से बात करने के लिए मना लिया. मैं राज़ी हो गया लेकिन मैंने एक शर्त रख दी कि हम दोनों में से कोई भी अपना चेहरा नहीं दिखायेगा सिर्फ गर्दन से नीचे का भाग ही दिखायेगा. मैंने कहा कि हम लोग एक – दूसरे के चेहरे को होटल में ही देखेंगे.

वह मेरी इस शर्त को मान गयी और फिर करीब 5 दिन तक मैंने उसके पूरे नंगे शरीर को देखा. मैं पहली बार अपनी बहन को नंगी देख रहा था. उसके चूचे बहुत मस्त थे. ऊपर से तो रोज ही देखता था पर नंगे चूचे देखने का मज़ा ही कुछ और था. उसके चूचे बड़े – बड़े और काफी टाइट थे.

उसकी नाभि के बारे में क्या बताऊं. वो तो किसी भी सूरत में बुर से कम नहीं थी. कुल मिला कर मस्त भरा पूरा शरीर था मेरी बहन का. अब उसके चूचे और बुर देख कर मैं दिन में रोज 3 से 4 बार हस्तमैथुन करता था.

आखिर वो टाइम आ गया, जिसका मुझे सालों से इंतज़ार था. मैंने घर में बोल दिया था कि मुझे कंपनी के काम से बाहर जाना पड़ रहा है.दोस्तों, घर से मैं दो दिन पहले ही निकल गया और एक होटल में एक कमरा 2 दिन के लिए 800 रुपये में ले लिया.

मेरे जाने के बाद मेरी बहन भी घर में परीक्षा का बहाना बना कर जाने की बात करने लगी थी. दोस्तों, मेरे पापा फ़ौज में हैं और उस समय वो घर पर नहीं थे. मेरी मां हाउस वाइफ हैं, वे ज्यादा पढ़ी – लिखी भी नहीं थीं. ऐसे में पढ़ाई के नाम पर उनसे झूठ बोलना आसान था. आखिर मां बहन को 1 दिन के लिए बाहर जाने देने के लिए तैयार हो गईं.

मैं 22 मार्च को ही घर से निकल गया था. मेरी बहन 23 मार्च को घर से निकली. दोस्तों, मैंने उसको पहले ही होटल का पता दे दिया था और कह दिया था कि मैं सात दिन से इसी होटल में हूं. 23 को शाम के करीब 8 बजे वो होटल पहुंची और रिसेप्शन पर पूछ के मेरे कमरे के बाहर आ गई.

.उसने दरवाजा खटखटाया. मैं समझ गया कि वो आ गई. दोस्तों, सच कहूं तो इतना कुछ होने के बाद भी मैं काफी डर गया. मैं सोच रहा था कि पता नहीं क्या होने वाला है, वो यहां मुझे देख कर पता नहीं क्या सोचेगी? करीब 3-4 मिनट तक मैं यही सब सोचता रहा और फिर दरवाजा खोला.

मेरी बहन बाहर खड़ी थी. वहां मुझे देख के वो हैरान हो गयी और चौंकते हुए बोली – तुम? उसकी आंख में आंसू आ गए और वह मुझे गाली देने लगी. बोली – हरामी कहीं के, ऐसी घटिया हरकत करते हुए तुम्हें शर्म नहीं आई, वो भी बहन के साथ.

फिर मैंने उसको अंदर बुलाया और बैठा के पीने के लिए पानी दिया. इसके साथ ही मैंने उसे सॉरी बोला. फिर वो चुप हो गई. करीब 10 मिनट वो एक दम चुप चाप रही. फिर अचानक से बोली – तुम्हारा लन्ड बहुत बड़ा है, और इतना कह के हंसने लगी.

यह देख मैं समझ गया कि ये नाटक कर रही थी. फिर तुरन्त ही मैंने उसको अपने बाहों में भर लिया और किस करने लगा. वो भी मुझे किस करके मेरा जवाब देने लगी. इसके बाद मैं उठा और कमरे का दरवाजा बंद कर लिया. फिर हम दोनों बेड़ पर लेट गए और किसिंग करने करने लगे.

थोड़ी देर बाद वो बोली अभी जल्दी क्या है, रात तो अपनी ही है आज रात हम दोनों पति – पत्नी के रूप में रहेंगे. मैंने कहा – हां मेरी जान बिल्कुल, जैसा तुम कहो. तब वो बोली कि अभी तो भूख लगी है, चलो बाहर चल के कुछ खाकर आते हैं. फिर हम दोनों बाहर गए और खाना खाकर आये. रास्ते में हम बाहों में बाहें ड़ाल के पति – पत्नी जैसे ही चलते रहे.

होटल वापस आते ही दोनों ने अपने – अपने कपड़े खोल दिए. फिर मेरी बहन मेरा लौड़ा अपने मुंह में लेकर आइसक्रीम की तरह चूसने लगी. अब मैं भी उसके बड़े – बड़े और मस्त बूब्स को फूल मस्ती में दबा रहा था. फिर मैंने उसके बाल खोल दिए और बेड़ पर लेटा दिया.

इसके बाद लन्ड उसके मुंह से बाहर निकाला और फिर उसके ऊपर लेट के उसकी मस्त चूचियों का रसपान करने लगा. मुझे बहुत मज़ा आ रहा था. जिसे चोदने के मैं सपने देखता था, आज वही मेरी बहन मेरे नीचे थी. कुछ देर में मेरे लन्ड के आगे अपनी चूत का समर्पण करने वाली थी.

चूचियां चूसने के दौरान मैं अपना लन्ड उसकी बुर पर रगड़ भी रहा था. इससे उसकी चूत पनिया गई थी. वो एक दम उत्तेजित हो चुकी थी. करीब 10 मिनट बाद उसने कहा – बहनचोद कितना तड़पायेगा, पहली बार जल्दी से डाल फिर जितना चूसना होगा चूसते रहना. मेरी प्यास तो बुझे एक बार.

उसकी यह बातें सुन कर और तड़प देख के मैं हंसने लगा. लेकिन अब ज्यादा देर करना किसी भी लिहाज से ठीक नहीं था क्योंकि जब नीचे पड़ी लड़की खुद से चोदने के लिए बोलने लगे तो समझ लीजिए इससे ज्यादा तड़पाना ठीक नहीं है.

फिर मैंने हाथ से अपना लन्ड सीधा किया और उसकी चूत पर लगा दिया. इसके बाद मैंने एक हल्का सा धक्का दिया तो मेरे लन्ड का सुपाड़ा मेरे बहन की चूत में घुस गया. दूसरा धक्का देने पर आधा लन्ड अंदर हो गया. उसे ज्यादा दर्द नहीं हुआ क्योंकि शायद वो पहले भी किसी से चुद चुकी थी.

जब मुझे यह एहसास हुआ तो मैंने तीसरा धक्का बहुत तेजी से लगाया. क्योंकि अभी तक मैं समझता था कि मेरी बहन कुंवारी है, ज्यादा तेज धक्का देने में उसे दर्द होगा लेकिन जब वह लन्ड खा ही चुकी है तो फिर कैसा दर्द एयर कैसी बहन, रंडी है साली. तीसरे धक्के के साथ मेरा पूरा लन्ड उसकी चूत में घुस गया. इस बार उसे हल्का दर्द हुआ, शायद मेरा लन्ड काफी बड़ा था इसलिए.

फिर मैं लगातार तेजी के साथ धक्के लगाने लगा. उसकी चूत पूरी गीली थी और ज्यादा टाइट भी नहीं थी इसलिए लन्ड बड़ी आसानी से अंदर बाहर जा रहा था. मैं कंडोम भी नहीं पहना था. दोस्तों, बहन की चूत चोदने में सच में बड़ा मज़ा आता है.

अब वो भी नीचे से अपनी गांड उठा के धक्के दे रही थी. करीब 13 मिनट की चुदाई के बाद मैं उसकी चूत में झड़ गया. उसकी चूत मेरा सारा वीर्य पी गई. जब मैंने उसे इस बारे में बताया तो बोली – बहनचोद, बोला था न कि आज रात भर हम पति – पत्नी हैं. पति का वीर्य पत्नी की चूत में नहीं जाएगा तो क्या तेरी बहन की चूत में जाएगा. परेशान न हो, ऐसे ही आज की रात रंगीन बना दो. कल मैं टैबलेट ले लूंगी.

उसकी बात सुन कर मैं खुश हो गया. फिर उस पूरी रात हमने 5 बार चुदाई की. अत्यधिक चुदाई की वजह से उसकी चूत और मेरे लन्ड में जलन होने लगी थी. फिर भोर में हम सो गए और शाम को घर के लिए निकल गई. अगले दिन मैं भी पहुंच गया. अब तो हमारा सब काम बन गया था. हमारा जब भी मन होता हम घर पर जम कर चुदाई करते. मेरी ये कहानी कैसी लगी, कमेंट करके जरूर बताएं.

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