गर्लफ्रेंड और उसकी दोस्त के साथ थ्रीसम

मैं पढ़ाई के लिए दिल्ली में फ्लैट लेकर रहता हूँ इसलिए मेरी गर्लफ्रेंड अक्सर चुदाई के लिए आती है. लेकिन एक बार मैंने उसकी चुदाई के बाद उसके साथ ही उसकी फ्रेंड को भी चोद दिया. कैसे किया ये सब पढ़ें मेरी इस कहानी में…

अन्तर्वासना के सभी पाठकों को मेरा प्रणाम! मेरा नाम राहुल है. मैं 23 साल का हूँ और दिल्ली में पढ़ने आया हूँ. अन्तर्वासना पर ये मेरी पहली और सच्ची कहानी है. उम्मीद करता हूँ आप सभी को पसंद आएगी.

मेरी एक गर्लफ्रेंड है जिसका नाम उर्जा है. वो दिखने में बहुत मस्त माल है. उसको देख के हर किसी का लंड खड़ा हो जाता है. वैसे मैं भी दिखने में कम नहीं हूँ. अच्छी – अच्छी लड़कियां मुझ पर लाइन मरती हैं, लेकिन ऊर्जा की वजह से कुछ कर नहीं पता.

मेरी हाइट 6 फिट है. मेरा रंग गोरा और पर्सनॉलिटी ज़बरदस्त है. मैं दिल्ली में फ्लैट लेकर रहता हूँ तो अक्सर मेरी गर्लफ्रेंड चुदाई करवाने आती ही रहती है. उसको चुदाई का बहुत शौक है और मुझे भी चुदाई बहुत पसंद है.

एक दिन मेरी गर्लफ्रेंड अपनी रूममेट को भी साथ ले आई. उसका नाम मीनल है. वो तो दिखने में और भी मस्त माल थी. उस दिन उर्जा चुदाई करवाने नहीं बल्कि डिनर पर आई थी. लेकिन उन्हें देख कर मैंने सोचा कि क्यों ना आज मीनल की चुदाई का भी प्रोग्राम बनाया जाए.

फिर हम तीनों ने साथ बैठ कर खाना खाया और उसके बाद आइसक्रीम भी खाई. खाने के फिर मैं उर्जा को कमरे में ले गया और एक ब्लू फ़िल्म लगा ली. जिसे देख उर्जा समझ गई कि मैं क्या चाहता हूँ तो उसने मना किया. लेकिन मैंने कहा कि मुझे चुदाई करनी है क्योंकि तुम्हारी डेट भी आने वाली है तो उर्जा भी मान गयी.

फिर मैंने रूम का दरवाज़ा जान बूझ कर थोड़ा सा खुला छोड़ दिया और उर्जा को गरम करने लगा. अब मैंने उर्जा के दूध पीने शुरू किये तो वो गरम होने लगी. फिर मैंने उसकी पेंटी निकाल दी और उसकी चूत चाटने लगा.

इससे वो पागल सी होने लगी थी. फिर उर्जा ने मुझे 69 की पोज़िशन में आने को कहा और आने के बाद वो मेरा लंड भी चूसने लगी. दोस्तों, उर्जा लंड बहुत अच्छी तरह चूसती है. उसकी चुसाई से आपको जन्नत का सा अनुभव होने लगेगा.

अब हम दोनों काफ़ी गरम हो चुके थे लेकिन मैं उर्जा को और तड़पाना चाहता था ताकि वो ज़ोर – ज़ोर से चिल्लाए और उसकी आवाज़ मीनल तक जाए. कुछ ही देर बाद उर्जा पागल होने लगी थी और ‘फक मी फक मी’ करके ज़ोर – ज़ोर से चिल्लाने लगी थी.

अब मैंने उसकी चूत में अपना 7 इंच का लंड डालना शुरू किया. मेरा पूरा लन्ड एक बार में ही अंदर चला गया. उसकी चूत पहले ही बहुत पानी छोड़ चुकी थी. अब मैंने उसकी चुदाई ज़ोरों से शुरू कर दी.

करीब 20 मिनट की चुदाई के बाद मैंने उससे घोड़ी बनने को कहा. अब तक मीनल दरवाज़े पर खड़े होकर अधखुले दरवाजे से चुदाई का नज़ारा देख रही थी. अब मैंने उर्जा को घोड़ी बनाकर चुदाई करनी शुरू कर दी. मस्त चुदाई देख कर मीनल भी गरम हो रही थी.

फिर मैंने उर्जा की गांड पर स्पैक मारने शुरू कर दिए. अब चुदाई अपने चरम पर थी. फिर थोड़ी ही देर बाद मैंने अपने माल की पिचकारी उर्जा की गांड के ऊपर छोड़ दी.

मीनल अभी भी दरवाज़े पर खड़े होकर चुदाई का मज़ा ले रही थी और पागलों की तरह अपनी चूत को मसल रही थी. चुदाई खत्म होने के बाद अचानक से मीनल पूरा दरवाज़ा खोल कर अंदर आ गयी. उसे देख कर मुझे ताज्जुब हुआ लेकिन उर्जा तो बिलकुल नार्मल थी. उसे देख कर ऐसा लग रहा था जैसे कि कुछ हुआ ही न हो.

अंदर आते ही उसने उर्जा की चूत चाटनी शुरू कर दी और उर्जा भी मज़े से चूत चटवाने लगी. यह देख मेरी समझ आया कि ये दोनों तो पहले ही खेली हुई हैं. अब मैं मन ही मन खुश हुआ कि आज तो काम बन ही गया. अब क्या था!

अब तो उर्जा ने मीनल के सारे कपड़े उतार दिए. इसके बाद मीनल मेरे ऊपर आकर मेरे लण्ड को दोबारा तैयार करने लगी. जो 40 मिनट की चुदाई के बाद आराम कर रहा था.

अब मीनल मुझे अपने दूध पिलाने लगी. दोस्तों उसके बूब्स एक दम सफ़ेद और निप्पल लाइट ब्राउन थे. उसके निप्पल्स बड़े ही सेक्सी थे. पीते समय मेरा मन कर रहा था कि बस उन्हीं से खेलता रहूं.

उसके बाद मीनल ने मेरा लण्ड चूसा. वो मेरा लण्ड ऐसे चूस रही थी मानो 5 साल का बच्चा लोलीपोप चूस रहा है. मैं तो बस जन्नत में था. थोड़ी देर में मैंने मीनल के मुंह में ही पिचकारी मार दी और मीनल मेरा सारा माल पी गई.

अब मेरी बारी थी मीनल की चुद चाटने की. जैसे ही मैं उसकी चूत पर गया दोस्तों, क्या बताऊं उसकी चूत कितनी सेक्सी थी और उस पर एक भी बाल नहीं था. एक दम क्लीन बिलकुल पिंक पूसी थी उसकी. दोस्तों, मैं सही कह रहा हूँ कि अगर किसी को भी ऐसी चूत मिल जाये तो वो चूत ही खा जाये और मैंने भी वही किया. मैं तुंरत ही उसकी चूत में घुस गया और उसकी चूत को ऐसे चाटा की वो पागल हो गई और मुझे नोचने लगी.

उसका 2 बार पानी मेरे मुंह में निकल चुका था. दोस्तों, उसका तो पानी भी बहुत टेस्टी था कुछ कुछ नमकीन और मीठा मज़ा आ रहा था. दूसरी तरफ उर्जा मेरा लण्ड चूस रही थी. इसलिए एक बार फिर से मैं उसके मुंह में ही झड़ गया.

दोस्तों, ऐसी चुदाई मैंने कभी नहीं की थी. उस दिन मुझे चुदाई का असली मज़ा आ रहा था. अब बारी थी मीनल की चूत में लण्ड डालने की. मैं तो खुद ही उसकी चुद में लण्ड डालने के लिए तड़प रहा था और दूसरी तरफ उसका भी वही हाल था.

फिर मैंने उसकी चूत में अपना लण्ड डालने लगा लेकिन मेरा लण्ड मीनल की चूत में नहीं जा रहा था तो उर्जा ने उसकी चुद में वैसलीन लगाई और तब मैंने झटके के साथ लण्ड डाल दिया. मीनल को काफी तेज दर्द हुआ और वह तड़प उठी.

फिर उर्जा ने मीनल की चूत के दाने को मसलना शुरू किया. जिससे थोड़ी देर में ही वह मस्त होकर चुदने लगी. बस अब तो दोनों चुदाई का मस्त मज़ा लिए जा रहे थे. पूरा कमरा फ़क फ़क की आवाज़ से गूंज रहा था.

इसके बाद मैंने मीनल को भी कुतिया बनाया और डॉगी स्टाइल में उसकी चूत मारने लगा. करीब 15 मिनट की ज़बरदस्त चुदाई के बाद मीनल मेरे ऊपर आकर चुदने लगी और मैं उर्जा की चूत चाटने लगा. बहुत मज़ा आता है दोस्तों जब आपके दोनों हाथों में बूब्स हों, मुंह में चूत हो और आपका लण्ड किसी दूसरी लड़की की चूत के अंदर हो. बस फिर तो आप बादशाह हो.

करीब 20 मिनट के इस खेल के बाद हम तीनों एक साथ झड़ गए. फिर हम तीनों ने एक साथ शॉवर लिया और एक – दूसरे को साफ़ किया. इसके बाद हमने नहाकर बियर पी और रात को न्यूड डांस करके रात भर चुदाई का खेल खेला.

दोस्तों असली चुदाई का मज़ा तो थ्रीसम में ही है. अगली कहानी में मैं बताऊंगा कि कैसे मैंने मीनल की गांड मारी.
दोस्तों, अपने फीडबैक ज़रूर भेजिएगा और बताइएगा कि आपको मेरी यह कहानी कैसी लगी? मेरी मेल आईडी – [email protected]

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