गुलाबी चूत वाली परी- भाग1

जन्नत जैसी चूत वाली हर औरत परी ही होती है, फिर उसका तो नाम भी परी ही था….. तो कुछ गुण तो उसमे परियों वाले होने ही थे. बेडरूम में बिताया गया वो दिन ऐसा था जैसे मैं स्वर्ग में पहुँच गया हूँ और कोई अप्सरा मुझसे आकर  लिपट गयी हो…………..

हैल्लो फ्रेंड्स.। मै अपनी स्टोरी आप सभी के सामने रख कर रहा हूँ। पहले मै बता दूँ कि मेरा नाम अमन है और मेरी उम्र 22 साल है। मै जूनागढ़, गुजरात का रहने वाला हूँ और में दिखने में एकदम हैन्डसम हूँ। अब आप लोगो को ज़्यादा बोर ना करते हुए मै स्टोरी पर आ जाता हूँ।

दोस्तों यह बात दो महीने पहले की है। मेरी पिछली कहानी पढ़कर मुझे एक औरत का मेल आया और उसने मुझे अपना नाम परी बताया। उम्र 32 साल और उसने मुझे अपनी पूरी स्टोरी विस्तार से बताई कि कैसे उनका पति उनकी इच्छा को पूरा नहीं कर पाता है। बाद में दूसरी मेल में उन्होंने मुझे अपनी एक फोटो भी भेज दी। ओह भगवान! वो फोटो में क्या सेक्सी लग रही थी?  फिर मैंने उनको थोड़ा सपोर्ट किया और थोड़ी चैटिंग की।

एक सप्ताह बाद उन्होंने मुझे उसके घर पर बुलाया। क्योंकि दो दिन के लिए उसके पति बिजनस ट्रिप पर आउट ऑफ स्टेट जा रहे थे। मैंने रविवार रात की टिकट बुक करवाई और निकल पड़ा। फिर सोमवार सुबह जब मै पहुंचा तो मैंने देखा कि परी वहाँ पर उसकी कार लेकर मेरा इंतज़ार कर रही थी। फिर हम उसके घर के लिए निकल गये और मैंने उसके घर पर पहुंचते ही देखा कि उसका घर बहुत बड़ा था।

उसने मुझसे बोला कि आप फ्रेश हो जाओ मै चाय और नाश्ता लाती हूँ। मै बाथरूम में गया और जल्दी से फ्रेश होकर बाहर आया। हमने साथ में बैठकर नाश्ता किया और फिर हम इधर-उधर की बातें करने लगे। लेकिन जैसे ही उसके पति का नाम आया वो एकदम उदास हो गयी और मैंने उसके करीब बैठकर उसके कंधों को पकड़ कर उसे समझाया कि “तेरा पति तेरी कदर नहीं करता तो क्यों उसके बारे में इतना सोचती है? छोड़ दे उसे अपने हाल पर।“

फिर मै उसे हँसाने की कोशिश करने लगा और कुछ देर बाद वो हंस पड़ी।

उसने कहा- अगर आप मेरे पति होते तो आप मेरी कितनी परवाह करते और मुझे प्यार करते।

मैंने कहा- अच्छा जी! मै तो आप से बहुत छोटा हूँ। हाँ.। लेकिन मै आपसे पक्का वादा करता हूँ कि मै आज आपको पूरी तरह संतुष्ट करूँगा।

फिर हम उसके बेडरूम में गये। मैंने देखा कि उसका क्या मस्त बेडरूम था? और फिर उसने ए.सी। स्टार्ट किया और बोली- बैठो! मै अभी आती हूँ

वो यह कहकर बाथरूम में चली गई। थोड़ी देर बाद जब वो बाहर निकली, मै तो उसे देखता ही रह गया। वो मस्त ड्रेस पहने हुए थी और उसके बाल खुले हुए थे। वो ऐसी लग रही थी जैसे कोई सचमुच की परी मेरे सामने हो।

फिर वो मेरे ऊपर कूद पड़ी और भूखी शेरनी की तरह मुझे नोचने लगी। मै भी उसका साथ देते हुए उनके होंठो को चाट रहा था और बूब्स को दबा रहा था। उसके फिगर का साईज 36-28-38 था। फिर उसने मेरे पूरे कपड़े उतार दिए। जैसे ही उसने मेरा 7.5 लंबा और 3 इंच मोटा गोरा लंड देखा तो वो उस पर टूट पड़ी। जैसे किसी भूखे को कई महीनो के बाद खाना मिल रहा हो, वो मेरे पूरे लंड को मुहं में लेकर चूस रही थी।

उसने करीब 20 मिनट तक लगातार लंड को चूसा और पूरा लाल कर दिया। फिर कुछ देर बाद मेरा वीर्य उसके मुहं में ही निकल गया, जिसे वो पूरा निगल गई, लेकिन फिर भी चूमती रही। फिर मैंने उसे बेड पर धक्का दिया और उसे चूमने चाटने लगा। उसके बूब्स जैसे कोई तरबूज हो।

15 मिनट तक मैंने उन तरबूजों को चूसा। वो आहें भर रही थी – ओह…. अह्ह्ह…इस्स्स्स  अमन मेरी जान! मै तुमसे बहुत प्यार करती हूँ….. अह्ह्ह्ह उह्ह्ह्ह….. तुम बहुत अच्छे से चूसते हो! हाँ और ज़ोर से दबाओ… हाँ और चूसो…. ओह हम्म्मम उूह्ह्ह्हह.. उई माँ! अब चोदो मुझे! प्लीज! मुझसे अब रहा नहीं जाता चोदो मुझे!

मै उसके सारे बदन को चूमता चाटता रहा। अब आई उसकी चूत की बारी जैसे कोई सफेद गुलाब के बीच में लाल दाना रखा हो। मै उस पर टूट पड़ा और अपनी पूरी जीभ को उसकी चूत के अंदर-बाहर कर रहा था। 5 मिनट में वो झड़ गई और मै उसकी चूत से निकला पूरा नमकीन पानी गटक गया। वो मेरे सर पर हाथ घुमा रही थी और मुझे अपनी चूत पर दबाए जा रही थी। और मैंने फिर 10 मिनट तक उसकी चूत चाटी। उसने फिर से मुझे धक्का दिया और मेरे लंड को मुँह में ले लिया और 5 मिनट तक मेरा लंड चूसा।

फिर उसने लंड पर कंडोम लगाया और मेरे लंड पर अपनी चूत सेट करके बैठ गयी और ऊपर नीचे होने लगी। अब वो फिर से चिल्ला रही थी- ओह… आह्ह्ह्ह… उईईई मेरी जान! म्‍म्म्मआआहह… हाँ! चोदो मुझे और ज़ोर से! ऊऊऊहह आअहह… बहुत मज़ा आ रहा है मेरी जान! उूऊऊम्म्म्मह….

वो मेरे लंड पर ज़ोर-ज़ोर से उछल रही थी। फिर थोड़ी देर के बाद मैंने उसे बेड पर लिटाया और उसके ऊपर आ गया। उसके दोनों पैरों को अपने कंधे पर रखकर मैने अपने बड़े से लंड को उसकी चूत में डाल दिया और झटके मारने लगा।

वो मेरी पीठ को नोच रही थी और चिल्ला रही थी- आअहह.। ऑश.। अमन! प्लीज चोदो मुझे! ज़ोर से.। और ज़ोर से.. धक्के दो और आज मेरी चूत की खुजली मिटा दो। आआहह…. अमन तुम बहुत अच्छे हो मेरी जान! उूम्म्म्मह ऊओूऊहह।

फिर मैंने अपनी पोज़िशन चेंज की और साईड से उसका एक पैर उठाकर चोदने लगा और फिर कई जोरदार झटके मारने के बाद मैंने उसको डोगी स्टाइल में पेलना शुरू किया। मैने पीछे से उसकी चूत में लंड डाल दिया और चोदने लगा। वो बहुत ज़ोर से चिल्ला रही थी और सिसकियाँ ले रही थी- ऊओह ऑश आआहह आअहह ऊऊहह….

कुछ देर के बाद वो झड़ गई। मैंने भी अपने झटकों की स्पीड बड़ा दी और दो मिनट के बाद मै भी झड़ गया। हम एक घंटे तक ऐसे ही एक दूसरे की बाहों में पूरे नंगे पड़े रहे। फिर हम दोनों साथ में बाथरुम में गये और एक दूसरो के गले लगकर शावर के नीचे खड़े हो गए। परी के चेहरे पे संतुष्टि के भाव साफ़ दिखाई पड़ रहे थे.

लेकिन कहानी अभी बाकी है। इन्तजार कीजिये ये जानने की लिए कि मैंने कैसे उसकी गांड मारी.

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