होली पर भाभी की प्यास बुझाई

उनके दूध जैसे गोरे बदन को देख कर मैं उस पर टूट पड़ा. मैंने उनकी चूची को मुंह में भर कर चूसना शुरू कर दिया और निपल्स को काटने लगा. तो भाभी बोली- रुको, आराम से नहीं करना आता है क्या…

हेलो! मैं सत्यम नोएडा में रहता हूँ.आप सभी अन्तर्वासना के भाइयों को बुर भरा और भाभियों को खड़े लंड से नमस्कार.

मैं 25 साल का एक जवान और सेक्सी लड़का हूँ. ये कहानी 3 साल पहले की है जब मैं अपने गांव गया हुआ था. मार्च का महीना था. इसलिए पूरे गांव में होली का माहौल था. शाम के समय मैं अपने छत में बैठा था, तभी मैंने सामने वाली छत पर एक औरत को देखा. वह लगभग 22- 23 साल की थी और उसका फिगर किसी हीरोइन जैसा 32 -30-34 था. उसे देखते ही मेरा लंड खड़ा हो गया.

मैंने अपनी आंटी से पूछा तो पता चला की वो अरुण भाई की वाइफ थी. अरुण भाई सऊदी अरब में जॉब करते हैं और साल बस एक महीने के लिए घर आते हैं. रात में सोते समय मेरे सामने भाभी की गांड और चूचे घूम रहे थे. मैंने बाथरूम जाकर मुठ मारा फिर सो गया. अगले दिन मैं सुबह 8 बजे सो कर उठा तो देखा की भाभी मेरे घर आई हुई थी और आंटी से बात कर रही थी. जब आंटी ने मुझे देखा तो भाभी से मेरा परिचय करवाया. भाभी जितनी सुन्दर थी उतने ही अच्छे स्वभाव की भी थी.

हम दोनों जल्दी ही आपस में घुल- मिल गए. उन्होंने मुझे दोपहर में अपने घर आने को कहा, क्यूंकि वो दोपहर में अकेले बोर हो जाती थी. मैं नहा कर उनके घर पंहुचा तो वो नाइटी पहने हुए थी. जैसे ही वो दरवाजा खोलकर पीछे मुड़ी उनकी मटकती गांड देख कर मेरा लंड खड़ा हो गया. भाभी से थोड़ी इधर- उधर की बात करने के बाद मैंने भाई के बारे में पूछा तो वो थोडा उदास हो गई और बोली 8 महीने हो गये हैं, उन्हें गए हुए. तब मैंने मज़ाक में बोला हुआ भाभी, भाई की याद सता रही है क्या?

भाभी – हाँ जी.

मैं- भाभी, आप परेशान मत हो, भाई का छोटा भाई तो है ना.

भाभी- छोटे भाई से सब काम नहीं हो सकते हैं ना.

मैं- भाभी, कौन से काम नहीं हो सकते?

भाभी- बदमाश, जब तेरी शादी हो जायेगी, तो अपनी बीबी से पूछ लेना.

इतना बोल कर भाभी शरमा गयी और बात करना बंद कर के मेरा फ़ोन देखने लगी. कुछ देर बाद फ़ोन लेकर अंदर चली गयी. करीब 10 मिनट बाद मुझे याद आया की मेरे व्हाट्सअप वीडियो में पोर्न पड़ी हुई थी. मुझे लगा अगर भाभी देख लेंगी तो क्या सोचेंगी. मैं अपना मोबाइल लेने तुरंत ही अंदर गया तो दरवाजा बंद था और भाभी की हल्की- हल्की आवाज बाहर आ रही थी.

जब मैंने दरवाजे के बीच से अंदर देखा तो मेरे होश ही उड़ गए. भाभी नंगी बेड पर पड़ी थी और पोर्न देख रही थी और देखते हुए अपनी चूत रगड़ रही थी. जिसे देख कर मेरा लंड खड़ा हो गया और मैं वही पर मुठ मारने लगा. अचानक मेरा हाँथ पीछे पड़े सामान से टकराया और तेज आवाज के साथ स्टूल पर रखा जग नीचे जमीन पर गिर गया. भाभी को लगा कि कोई आ गया है. वो फिर से नाइटी पहनकर बाहर आ गई और मुझे देख कर बोली- क्या हुआ?

मैंने घबरा गया और कहा- प्यास लगी थी तो पानी पीने आया था और गलती से ये जग गिर गया.

उन्होंने कहा- कोई बात नहीं. हटो मैं साफ कर देती हूँ. जैसे ही मैं हटा, वो साफ करने झुकी तो मुझे उनकी बिना ब्रा की चूचियाँ दिख गईं और उन्हें मेरा खड़ा लंड दिख गया. जिसे देख कर वह मुस्कराने लगी.

फिर मैंने उन्हें अपने बाँहो में भर कर उनको किस करने लगा. वो भी मेरा साथ देने लगी. मैं उन्हें गोद में लेकर बैडरूम में चला गया और नाइटी के ऊपर से ही उनके आम को चूसने लगा. वो आअह्ह्ह ओह्ह्हह्ह सईईईईईईई उम्म्ह्ह्ह्ह् जैसी आवाजें करने लगी. मैंने जोश में आकर उनकी नाईटी फाड़ डाली और उन्हें पूरी तरह नंगी कर दिया.

उनके दूध जैसे गोरे बदन को देख कर मैं उस पर टूट पड़ा. मैंने उनकी चूची को मुंह में भर कर चूसना शुरू कर दिया और निपल्स को काटने लगा. तो भाभी बोली- रुको, आराम से नहीं करना आता है क्या ? पहले अपने कपड़े उतारो. मैंने फटाफट अपने सारे कपड़े उतार दिया. मेरा 6.5″ लंबे लंड को अपने हांथो में लेकर भाभी बोली ये बहुत मज़ा देगा. फिर वो उसे अपने हाथों से आगे पीछे करने लगी. 10-12 बार करने में ही मेरा पानी निकल गया. मुझे खुद पर बहुत गुस्सा आ रहा था.

तभी भाभी मुझे किस कर के बोली- पहली बार है क्या?

मैंने कहा- हां.

भाभी बोली- कोई बात नहीं, मैं सब सिखा दूंगी. अगले राउंड के लिए तैयार हो जाओ.

फिर हम 69 की पोजीशन में आ गए. भाभी की हल्की झांटों वाली गर्म चूत पर मैं टूट पड़ा. मैं उनके चूत के होंठ को अपने मुंह में भर कर चूस रहा था. वो लगातार आह्ह्ह्ह चूऊऊस उफ्फ्फ्फ्फ्फ ह्म्म्म्म्म्म जैसी सेक्सी आवाजें निकाल रही थी. मेरा लंड़ फिर से खड़ा हो रहा था. मैं भाभी की चूत में जीभ डाल कर जोर- जोर से चाट रहा था.

भाभी पूरी तरह गर्म हो गयी थी और बोल रही थी- हाँ मेरे राजा, चाटो मेरी इस चुदक्कड़ चूत को. खा जाओ आह्ह्ह उम्म्म्म्म्म एस्सस्सस्स, ऐसे ही करते रहो अपनी भाभी की चूत के साथ. फिर मैंने भाभी को सीधा किया और उसके चूत पर अपना लंड रगड़ने लगा. जिससे वह वासना से पागल हो गयी और बोलने लगी- बहनचोद डाल दे न अपना लंड.

मैंने अपना लंड उनकी चूत पर सेट किया औऱ एक धक्का मारा, मेरा आधा लंड उनकी चूत में घुस चुका था. वो चीख पड़ी हाय्य्य्य माअअअअअ मरररररर गयी. उनकी चूत भठ्ठी जैसी गर्म थी और मेरे लंड को जकड़ के रखी थी. मैंने थोड़ी देर रुक कर दूसरा धक्का मारा और मेरा लंड उनकी चूत में पूरा सेट हो गया.

उन्हें बहुत दर्द हुआ. कुछ देर ऐसे ही रहने के बाद मैं आराम से लण्ड को अंदर बाहर करने लगा. अब उन्हें मज़ा आ रहा था और वो बस आआह्ह्ह्ह उह्ह्ह्ह किये जा रही थी. मैं लगातार उन्हें पेले जा रहा था. 10 मिनट बाद वो खुद ही डोगी स्टाइल में आ गयी और मैंने पीछे से उनकी चूत में अपना लण्ड डाल कर चुदाई करने लगा.

भाभी ख़ुशी से चिल्ला रही थी. आह्ह्ह्ह मुझे चोदो जआआआ न मेरी चूत का भोसड़ा बना दो. आअह्ह्ह्ह एस्सस्स एस्सस्स फक्क्क्क्मी उम्म्म्म्म्म्म्म उफ्फ्फ्फ्फ्फ्फ्फ़ और जोर्रर्रर्रर्रर से वो अपनी गांड़ को उठा- उठा कर लंड ले रही थी. करीब 15 मिनट के बाद वो आअह्हह्हह्हह माआआआआअ मै गईईईईईईई ह्म्म्म्म्म्म उफ्फ्फ्फ्फ्फ आआआह्हह्हह्हह्ह करती हुई झड़ गयी. उनके गर्म चूत रस के अहसास से मैं भी आअह्ह्ह्ह्ह भाभीईईई करते हुए उनकी चूत में ही ढ़ेर हो गया.

हमारी सांसे जोर- जोर से चल रही थी और हम एक- दूसरे से चिपके हुए थे. मैं भाभी को फिर से चोदना चाहता था. लेकिन उन्होंने मना कर दिया. दोस्तों मेरी कहानी आपको कैसी लगी. मेल जरूर करें.

मेरी मेल id है[email protected]

One Reply to “होली पर भाभी की प्यास बुझाई”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *