जन्मदिन का तोहफा

मैने अब दांतो से उसकी पैन्टी को पकड़ा और नीचे की तरफ बढ़ने लगा। उसकी पैन्टी उतरने के बाद मैने उसके चूत के दाने को पकड़ा और मसलने लगा। वो और ज्यादा गर्म हो चुकी थी। अब वो अपने पे काबू नहीं रख पर रही थी………..

हेल्लो फ्रेंड्स मेरा नाम अयान है और मै 22 साल का हूँ। मेरा कद 6 फ़ीट लंबा है और मै अच्छे जिस्म का मालिक हूँ। मै कोटा, राजस्थान का रहने वाला हूँ और बी टेक् कर रहा हूँ। बात आज से कुछ महीने पहले की है जब मेरे कॉलेज मै एक लड़की थी, नाम था रीना। रीना एक बहुत ही खूबसूरत,  लंबी और भरे हुए बदन की जवान लड़की थी। जिसकी उम्र 21 साल और फिगर 32- 28- 34 का था।

वैसे तो सभी लड़के रीना को पटाने की कोशिश मै लगे रहते थे। पर वो किसी को भाव नहीं देती थी। मै कॉलेज मै एक शरीफ और होनहार लड़का था। रीना को मै भी मन ही मन चाहता था। पर कभी बोल नहीं पाया।

एक बार रीना कुछ दिन कॉलेज नहीं आई। जब वो कॉलेज आई तो उसके कुछ दिन के नोट्स कम्प्लीट नहीं थे और टीचर ने उसे फटकार लगाई। उस दिन वो मेरे पास आई और मुझसे मेरे नोट्स मांगने लगी। मैंने ज्यादा बात नहीं करते हुए उसे नोट्स दे दिए और कहा की जल्दी दे देना। उसने ओके बोला और चली गई। मै घर आया और रोज की तरह काम निपटा कर रात मै पढ़ने बैठा। तभी मोबाइल मै मैसेज आया कि “क्या कर रहे हो?”

तब मैने रप्लाई किया की “तुम कौन हो?”। उधर से जवाब आया की “इतनी जल्दी भूल गए क्या? मै रीना।“

मै- नहीं! भूला नहीं, बस पता नहीं था की तुम्हारा नम्बर है।

वो- अच्छा तुम्हारे पास मेरा नम्बर नहीं था क्या?

मै – तुमने कभी दिया ही नहीं।

वो – ओके बाबा! तुमसे मै नहीं जीत सकती।

मै – अच्छा कैसे याद किया आज?

वो- यूँ ही! एक बात पूछूं?

मै – हम्म पूछो?

वो – तुम इतने शरीफ क्यों हो?

मै – क्योंकि तुम शरीफ हो इसलिए।

इस तरह हमारी बातें चलती रही और ऐसे ही 2 महीने निकल गए। एक दिन जब वो बीमार थी तो मै उसे अपनी बाइक पे बिठा कर हॉस्पिटल ले गया और दावा दिलाकर वापिस उसके घर छोड़ आया। उस दिन उसकी आखों में आंसू थे। मेरे पूछने पे ऊसने कहा- तुम मेरा कितना ख्याल रखते हो?

उस दिन पूरी रात मै उसी के बारे में सोचता रहा। नींद तो आई नहीं। सुबह उठा और तैयार होकर नाश्ता किया। आज अपने अपको कुछ ज्यादा ही अच्छा फील कर रहा था। क्योंकि आज मै उसे अपने दिल की बात बोलने वाला था। मैने मार्केट से एक गुलाब खरीदा और कॉलेज आ गया। वो भी आज बहुत गज़ब लग रही थी।

मै इतना नर्वस कभी नहीं हुआ था, जितना आज था। और उससे बात नहीं कर पाया। पर उसने भी मुझसे बात नहीं की और मै और ज्यादा नर्वस हो गया। जब लंच ब्रेक हुआ और सभी बाहर चले गए तो क्लास में सिर्फ 4 लोग ही थे। हम दोनों और एक मेरा दोस्त और एक उसकी सहेली। मैने उसे इशारे से बुलाया और वो आने लगी। मै भी उसके पास गया। अब हम दोनों साथ थे और वो दोनों अलग- अलग अपना काम कर रहे थे।

हम दोनों ही चु प थे। तभी दोनों ने साथ बोला ” मुझे तुमसे कुछ कहना है”। अब हम दोनों फिर चुप हो गए और एक दूसरे को देखने लगे।

तब दोनों ने ही एक साथ एक दूसरे को बोला ” आई लव यू!” और उसे गुलाब देने लगा। वो मुझे देखे जा रही थी और उसकी आँखे भर आई। उसने मुझसे गुलाब लिया और मेरे गले लग गई और बोली- कितनी देर लगा दी बोलने में।

तभी हमारे फ्रेंड्स ने ताली बजाई औउर तब जाकर हमारा ध्यान हटा। फिर भी उसने उन दोनों के सामने मेरे गाल पर किस कर दिया। अब हम रोज कॉलेज में साथ रहते और साथ घूमते।

कुछ दिन बाद मेरा जन्मदिन आया। उस दिन सन्डे था तो कॉलेज नहीं गया। मै दिन मै सो रहा था। तभी मॉम ने आवाज लगाई की मेरा कोई फ्रेंड आया है। मै ने जा के देखा तो मेरे तो होश ही उड़ गए। रीना घर आई थी।

मै उसे अपने साथ अपने कमरे में ले गया। मैने उस से पूछा- क्या हुआ?

वो रोने लगी। मैने उसे गले लगाया और कहा- मुँह मीठा नहीं कराओगी।

उसने बोला- मै तो कुछ लायी ही नहीं।

तब मैने उसका सर ऊपर किया और उसके होठो पर होंठ रख कर किस करने लगा। वो भी आंखे बन्द कर के साथ देने लगी। मै बेड पर बैठ गया और वो मेरी गोद में बैठ कर किस करने लगी। मै अब अपना हाथ उसके बूब्स पर रख कर उन्हें सहलाने लगा तो वो उठ गयी और अलग हो गई। मैने फिर उसे अपने से चिपकाया और उसके बदन को सहलाने लगा।

वो बोली- अब बस भी करो।

मैने बोला- आज तुमसे अलग होने का मन नहीं कर रहा।

मै उसके होंठ चूसते हुए उसके बूब्स दबाता रहा। वो गर्म होती जा रही थी और मना भी कर रही थी।

मैने उससे पूछा – मेरे लिए क्या गिफ्ट लायी हो?

उसने बोला- जो चाहे तुम माँग लो!

मैने उससे बोला- आज तुम और मै हम बन जाते हैं। ये ही मेरा गिफ्ट है। मै आज तुम्हारी गहराइयों में डूबना चाहता हूँ।

वो बोली – अभी इतनी जल्दी भी क्या है?

मै उससे अलग हो गया। उसने सोचा मै नाराज़ हो गया हूँ। इसलिए मेरी गोद में आकर बैठ गई और मेरी शर्ट खोलने लगी और मुझे चूमने लगी।

मैने उससे उससे कहा – मै नाराज़ नहीं हूँ। और कोई जरूरी नहीं की तुम मेरी हर बात मान ही लो।

उसने बोला – आज तो मै तुम्हे तुम्हारा गिफ्ट देकर ही जाउंगी।

उसने मुझे लिटाकर कर खुद मेरे ऊपर लेट गई। मै भी उसके बदन पर हाथ फेरता रहा और उसकी गांड भी सहलाता रहा। मै अब उसके ऊपर आ गया और उसके बूब्स को कपड़ों के ऊपर से ही मुँह में ले रहा था और हाथों से उसके बदन को सहला रहा था।

अब मै उसकी कुर्ती को ऊपर करने लगा और उसके जिस्म को नंगा करने लगा। वो समझ गई और उठ कर उसने कुर्ती उतार दी। उसकी लेग्गिंग को भी मैने उतार दिया। वो शर्म के मारे आँखे बन्द कर के लेट गई। मै उसके बूब्स को उसकी ब्रा में से दबाता और चूसता रहा। एक हाथ से मैने उसकी पेंटी में हाथ डाला तो वो काँपने लग गयी और मुझसे चिपक गई।

फिर मैने अपने कपड़े उतारे और सिर्फ अंडरविअर में उसके ऊपर जाकर लेट गया। फिर उसकी ब्रा को उतार कर उसके बूब्स चूसने लगा और हल्के से काटने लगा ओर सहलाने लगा। किस करते हुए मै नीचे बढ़ने लगा और उसकी नाभि पर आकर उसमे जीभ फेरने लगा। वो बहुत ही अजीब सी आवाज़ निकाल रही थी और बड़बड़ा रही थी।

मैने अब दांतो से उसकी पैन्टी को पकड़ा और नीचे की तरफ बढ़ने लगा। उसकी पैन्टी उतरने के बाद मैने उसके चूत के दाने को पकड़ा और मसलने लगा। वो और ज्यादा गर्म हो चुकी थी। अब वो अपने पे काबू नहीं रख पर रही थी। मैने उसकी चूत पर हल्के से जीभ फेरी तो वो थोड़ा कसमसाई। मैने अपनी जीभ उसकी चूत में डाली और अंदर बाहर करने लगा। वो मेरा सर अपने हाथों से अपनी चूत पर दबाने लगी।

उसने बोला- प्लीज़ अब मत तड़पाओ!

तब मैने भी देर नहीं की और उसकी चूत के नीचे एक पेपर और तकिया रखा और अपना लंड उसकी चूत पर सेट किया। वो इतनी जल्दी में थी की वो खुद ही धक्के लगा रही थी। मैने उसे शांत किया और चूत की फ़ांके खोल कर लन्ड सेट किया। मैने उसके मुँह को अपने मुँह से चिपकाते हुए दबाव बढ़ाने लगा। लंड का सुपाड़ा अन्दर जाते ही उसे दर्द हुआ और वो कसमसाई।

फिर मैने एक थोड़ा जोर से शॉट मारा तो वो पूरी हिल गई, पर मेरे पकड़े होने से कुछ नहीं कर सकी। थोड़ी देर उसके ऊपर पड़े रह कर मैं उसे किस करता रहा और उसके बूब्स दबाता रहा और चूसता रहा। अब थोडा दर्द कम होने पर मैंने अगला शॉट लगाया और पूरा 5″ का लण्ड उसकी
चूत में डाल दिया। उसकी एक बहुत ही मादक पर दबी हुई सिसकारी निकली। अब वो कुँवारी नहीं थी और उसके चेहरे पर एक अलग ही मुस्कराहट थी।

जिसे देख कर मुझमे और जोश आ गया। अब मै उसे तेज शॉट मार रहा था और उसका जवाब वो भी अपनी गान्ड उठा कर दे रही थी।और बोल रही थी – और जोर से! आज मुझे चोदो! आज पूरा अपना बना लो।

उसके बोलते ही मै उसे दे दना दन चोदने लगा। अब वो थक गई थी और मुझसे ज्याद चिपक रही थी और अकड़ने लगी थी। कुछ झटको में ही वो जोर से आवाज़ करते हुए झड़ गई। मै भी कुछ ही देर में उसकी चूत में झड़ गया और उसके ऊपर ही लेट गया।

हमारी चुदाई लगभग 40 मिनट चली। उसके बाद हमने एक दूसरे को साफ किया और तैयार होकर 1 घण्टे में बाहर आ गए।

ये मेरी पहली कहानी है। आपको कैसी लगी? अपनी राय जरूर दें और मेल करें।
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