पार्किंग में मदद की तो भाभी ने चूत ही दे दी

एक बार मैं माल घूमने गया था. जब मैं वहां से निकल रहा था तो देखा कि एक खूबसूरत भाभी की गाड़ी पार्किंग में फंसी थी, इस वजह से वो काफी परेशान लग रही थीं. फिर मैंने गाड़ी निकालने में उनकी मदद कर दी. इसके बदले में आगे चल कर उन्होंने मुझे अपनी चूत ऑफर कर दी…

हाय दोस्तों, मैं आप सब का प्यारा दोस्त मोहित. दोस्तों, मैं अन्तर्वासना का नियमित पाठक हूं और लगभग रोज ही साइट पर आकर कहानियां पढ़ता और मज़े लेता हूं. आज मैं भी आप सब के सामने अपनी एक रियल कहानी बताने जा रहा हूं. यह घटना मेरे साथ इंदौर में घटित हुई थी. उम्मीद करता हूं आप सब को पसंद आएगी.

अब मैं ज्यादा टाइम न वेस्ट करते हुए सीधा अपनी कहानी पर आता हूं. दोस्तों, मैं इंदौर के विजय नगर इलाके में रहता हूं. मेरी उम्र 28 साल है.

एक दिन की बात है. मैं विजय नगर मोल की पार्किंग में खड़ा था. तभी मुझे एक लेडीज दिखाई दी. उसकी उम्र 35 साल के करीब थी. वह थोड़ी परेशान सी दिख रही थी. जब मैंने ध्यान दिया तो पता चला कि उनकी गाड़ी बीच में फंस गई है और वह उसे निकालने के लिए परेशान हो रही हैं.

यह देख मैं उनके पास गया और गाड़ी निकालने में मैंने उनकी हेल्प कर दी. इसके बाद फिर मैं भी अपनी गाड़ी लेकर निकल गया और पास स्थित एक कॉफी शॉप पर कॉफी पीने के लिए चला गया.

कैफे जाकर मैं कॉफी पीने लगा. इसी बीच मेरी नज़र पीछे गई तो मैंने देखा कि वही लेडी पीछे से चली आ रही है. मुझे वहां देख कर उसने मेरे पास आकर हाय कहा और मेरे साथ ही बैठ गई.

फिर हम बात करने लगे. हमारे बीच सामान्य बातचीत चल रही थी. फिर मैंने उससे उसका नाम पूछा तो उसने बताया कि उसका नाम शिखा है और वो इंदौर अभी एक महीने पहले ही आई है. उसने बताया कि उसके पति एक सरकारी अधिकारी हैं और अक्सर बाहर ही रहते हैं. इस वजह से वो अकेले ही मॉल घूमने आ गई थी.

ऐसे ही कॉफी पीते – पीते हमारे बीच थोड़ी – बहुत बातें हुई. फिर हम अपने – अपने रास्ते निकल लिए. निकलने से पहले हमने अपने मोबाइल नम्बर एक्सचेंज कर लिए.

उसी रात करीब 11 बजे मेरे नम्बर पर उसका मैसेज आया. उसने मुझे गुड नाईट विश किया था. मैंने भी उसे गुड नाईट कहा. इस तरह हमारी बात की शुरुआत हुई. कुछ दिन तो हम मैसेज पर बात करते रहे. इस दौरान हमारे बीच नॉर्मल बातें होती रहीं.

फिर एक दिन मेरे पास उसका कॉल आया. मैंने रिसीव किया तो उसने पूछा, “कहां हो”? मैंने बताया कि मैं विजय नगर में हूं. तब उसने कहा कि मैं भी यहीं पास में ही हूं. तुम वहीं रुको मैं 15 मिनट में आती हूं.

मैं उसका वेट करने लगा. थोड़ी देर बाद वह मुझे कुछ दूर नज़र आई. मुझे देख कर उसने हाथ हिलाया और फिर मेरे पास आ गई. फिर हम एक कैफे में चले गए और बैठ कर बात करने लगे.

बातों ही बातों में उसने मुझसे मेरी गर्लफ्रेंड का नाम पूछ लिया तो मैंने मना कर दिया. फिर वह मुझसे बार – बार पूछने लगी. तब मैंने कहा मेरी कोई गर्लफ्रेंड है ही नहीं तो उसका नाम कहां से बताऊं!

यह सुन कर उसने मुझे सीधा ही बोल दिया कि मैं तुम्हें कैसी लगती हूं? इस पर अचानक ही मेरे मुंह से निकल गया, “हॉट”. हॉट शब्द सुनते ही वह मुझे अपने घर चलने के लिए बोलने लगी. यह सुन कर मैं समझ गया कि खरबूजा चाकू पर गिरने को तैयार है. फिर मैं उसके साथ उसके घर चला गया.

उसके घर पर और कोई नहीं था. अंदर जाने पर उसने मुझे बैठाया और फिर पानी लाकर दिया. इसके बाद वह चेंज करने चली गई. करीब 10 मिनट बाद वह वापस आई तो नाईट ड्रेस पहन रखा था. उन कपड़ों में वह कितनी मस्त लग रही थी मैं बता नहीं सकता! दोस्तों, उसका फिगर 34 30 36 का है और कोई भी इन कपड़ों में देख ले तो बिना मुठ मारे नहीं रह सकता.

मैं उसका यह रूप देख कर खुद को रोक नहीं पाया और मेरे मुंह से ‘क्या माल लग रही हो’ निकल गया. यह सुन कर उसने एक दम से मुझे सेक्स के लिए बोल दिया. अब तो मेरे लिए वही सिचुएशन हो गई “अंधा क्या चाहे दो आंख”.

फिर मैं उसके एक दम करीब गया और उसके होंठों पर अपने होंठ रख दिए. वह भी मेरे किस का जवाब दे रही थी. करीब 10 मिनट के लिप लॉक किस के बाद मैंने एक – एक करके उसके ऊपर के सारे कपड़े उतार दिए.

अब वह सिर्फ ब्रा और पैंटी में थीं. जिसे देख कर मेरा लंड पैंट के अंदर ही उछलने – कूदने लगा. यह उसने भी देख लिया और फिर मेरे करीब आकर मेरा पैंट और टी-शर्ट उतार दिया. नीचे मैंने कुछ नहीं पहना था तो मेरा लंड उछल कर उसके मुंह के सामने आ गया. मेरे लंड को देखते ही उसने मुंह में ले लिया और चूसने लगी.

अब मुझसे भी नहीं रहा गया तो मैं 69 की पोजीशन में आ गया. अब मैं उसकी चूत चाटने लगा. उसकी चूत लगातार निकल रहे काम रस की वजह से चिपचिपी हो रही थी. मैं जीभ अंदर तक ले जाकर उसकी चूत चाट रहा था. इस वजह से मेरे होंठों पर भी उसका चूत रस लग रहा था.

करीब 20 मिनट की चुसाई के बाद वह बोली कि अब मुझसे रहा नहीं जाता जल्दी से अपना हथियार मेरी चूत में डाल दो और चोद – चोद के मेरी सारी प्यास बुझा दो. सच में काफी देर हो गई थी. अब मैं भी उसे चोदना चाहता था तो मैंने झट से उसके मुंह से लंड बाहर निकाला और उसे सीधा होने को कहा.

उसके सीधा होते ही मैंने उसकी टांगों को चौड़ा किया और अपना मूसल जैसा 7 इंच लम्बा लंड चूत के छेद पर रख कर एक जोरदार धक्का दिया और लंड फच्च की आवाज करता हुआ पूरा का पूरा अंदर घुस गया. चूंकि वह कई दिनों बाद चुद रही थी तो उसे दर्द हुआ और वह चिहुंकते हुए बोली, “उईई मां फाड़ दी मेरी चूत!”

लेकिन तब तक मैंने धक्के लगाने स्टार्ट कर दिए थे. कुछ देर बाद जब उसे भी मज़ा आने लगा तो वह बोली, “हां मेरे राजा, करते रहो ऐसे ही, अब ये चूत तुम्हारी है जब भी मन करे आ जाया करो”. उसके मुंह से ये कामोत्तेजक बातें सुन कर मेरा जोश और बढ़ गया. फिर मैं और तेजी से धक्के लगाने लगा.

करीब 45 मिनट तक मैंने लगातार उसकी चुदाई की और फिर उसकी चूत में ही झड़ गया. तब तक वह 4 बार झड़ चुकी थी. फिर उसने मुझे धन्यवाद कहा और मैंने भी मुस्कुरा के उसका अभिवादन किया. इसके बाद हमने साथ में डिनर किया और फिर मैं अपने घर वापस आ गया. आपको मेरी यह कहानी कैसी लगी, मुझे मेल करके जरूर बताएं. मेरी मेल आईडी – [email protected]

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *